/ Shubman Vs Vihari: क्या विदेशी पिचों पर शुभमन गिल से बेहतर हैं हनुमा विहारी? आंकड़े हैं गवाह, आप भी देख लीजिए

Shubman vs Vihari: क्या विदेशी पिचों पर शुभमन गिल से बेहतर हैं हनुमा विहारी? आंकड़े हैं गवाह, आप भी देख लीजिए

Shubman vs Vihari: क्या विदेशी पिचों पर शुभमन गिल से बेहतर हैं हनुमा विहारी? आंकड़े हैं गवाह, आप भी देख लीजिए

Shubman vs Vihari:

Shubman vs Vihari: यशस्वी जायसवाल, श्रेयस अय्यर और शुभमन जैसे खिलाड़ियों के आने के बाद विहारी, पुजारा और रहाणे को टीम से बाहर कर दिया गया था। पुजारा और रहाणे जहां 35+ की उम्र के हैं, वहीं विहारी की उम्र महज 30 साल की है। उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 2020-21 में ऐतिहासिक टेस्ट सीरीज में अहम भूमिका निभाई थी।

भारत को दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ सेंचुरियन में खेले गए पहले टेस्ट में करारी हार का सामना करना पड़ा। तेम्बा बावुमा की अगुआई वाली टीम ने भारतीय टीम को पारी और 32 रन से शिकस्त दी। इस हार के बाद से पूर्व क्रिकेटर्स भारतीय खिलाड़ियों की कड़ी आलोचना कर रहे हैं। टीम इंडिया तीन दिन में ही मैच हार गई। सबसे ज्यादा आलोचना टेस्ट में भारत के नए नंबर तीन शुभमन गिल की हो रही है।

शुभमन गिल क्रिकेट के सबसे लंबे फॉर्मेट में अब तक खुद को साबित नहीं कर सके हैं। जहां वनडे और टी20 में उनका औसत और स्ट्राइक रेट बेजोड़ है, वहीं टेस्ट में उनका औसत हनुमा विहारी से भी खराब है। ऐसे में सोशल मीडिया पर एक बार फिर चेतेश्वर पुजारा, अजिंक्य रहाणे और विहारी की चर्चा शुरू हो गई है। सेंचुरियन में टीम इंडिया दोनों पारियों में 250 का आंकड़ा भी नहीं छू पाई थी।

यशस्वी जायसवाल, श्रेयस अय्यर और शुभमन जैसे खिलाड़ियों के आने के बाद विहारी, पुजारा और रहाणे को टीम से बाहर कर दिया गया था। पुजारा और रहाणे जहां 35+ की उम्र के हैं, वहीं विहारी की उम्र महज 30 साल की है। उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 2020-21 में ऐतिहासिक टेस्ट सीरीज में अहम भूमिका निभाई थी। सिडनी टेस्ट ड्रॉ कराने में उन्होंने अश्विन के साथ मिलकर चोट के बावजूद कई घंटों तक बल्लेबाजी की थी। हालांकि, उन्हें अचानक से टीम से बाहर कर दिया गया।

हालांकि, अब सोशल मीडिया हनुमा को वापस लाने की मांग उठने लगी है। शुभमन से पहले केएल राहुल टेस्ट ओपनिंग करते थे, लेकिन शुभमन की एंट्री ने राहुल को प्लेइंग-11 से बाहर कर दिया था। तब ऋषभ पंत भारत के मुख्य विकेटकीपर थे। हालांकि, पंत के एक्सीडेंट और यशस्वी की एंट्री के बाद राहुल को टेस्ट टीम में एक नए रोल में जगह मिली है। वह बतौर विकेटकीपर बल्लेबाज टेस्ट मैच खेल रहे हैं।

शुभमन का रिकॉर्ड

शुभमन ने अब तक 19 टेस्ट की 35 पारियों में 31.06 की औसत से 994 रन बनाए हैं। इनमें दो शतक और चार अर्धशतक हैं। भारतीय जमीन पर अब तक आठ टेस्ट की 14 पारियों में गिल 32.08 की औसत से 417 रन बना चुके हैं। इनमें एक शतक और दो अर्धशतक शामिल हैं। वहीं, विदेशी जमीन पर 11 टेस्ट की 21 पारियों में उन्होंने 30.37 की औसत से 577 रन बनाए हैं। इनमें एक शतक और दो अर्धशतक शामिल हैं।

विदेशी जमीन पर जो दो शतक शुभमन ने लगाए हैं, वह बांग्लादेश और वेस्टइंडीज की धरती पर आए हैं। SENA देशों में ऑस्ट्रेलिया में जरूर शुभमन का रिकॉर्ड शानदार है और न्यूजीलैंड में अब तक वह खेले नहीं हैं। वहीं, इंग्लैंड में उन्होंने छह पारियों में महज 14.67 और दक्षिण अफ्रीका में दो पारियों में 14 की औसत से रन बनाए हैं। एशिया से बाहर टेस्ट में शुभमन के सिर्फ दो 50+ स्कोर हैं।

हनुमा विहारी का टेस्ट रिकॉर्ड

वहीं, बात अगर हनुमा विहारी की हो तो उन्होंने भारत के लिए 16 टेस्ट की 28 पारियों में 33.56 की औसत से 839 रन बनाए हैं। इनमें एक शतक और पांच अर्धशतक शामिल हैं। घरेलू मैदान पर हनुमा ने सिर्फ तीन टेस्ट खेले हैं और विदेशी जमीन पर उनकी ज्यादा परख हुई है। भारत में तीन टेस्ट की चार पारियों में हनुमा ने 33.50 की औसत से 134 रन बनाए हैं। इनमें एक अर्धशतक शामिल है।

वहीं, विदेशी जमीन पर 13 टेस्ट की 24 पारियों में हनुमा ने 33.57 की औसत से 705 रन बनाए हैं। इनमें एक शतक और चार अर्धशतक शामिल हैं। ऑस्ट्रेलियाई धरती को छोड़कर SENA देशों में भी हनुमा का रिकॉर्ड गिल से बेहतर है। ऑस्ट्रेलिया में उन्होंने 20.33 की औसत, इंग्लैंड में 21.75 की औसत, न्यूजीलैंड में 21.50 की औसत और दक्षिण अफ्रीका में दो पारियों में 60 की औसत से रन बनाए हैं। विदेशी जमीन पर उनके तीन अर्धशतक इंग्लैंड, न्यूजीलैंड और वेस्टइंडीज में आए हैं। हनुमा ने एकमात्र शतक वेस्टइंडीज की धरती पर लगाया था।

शुभमन बनाम विहारी

शुभमन और हनुमा में सबसे बड़ा अंतर यह भी है कि शुभमन ने अब तक अपने टेस्ट करियर में सिर्फ दो बैटिंग स्थान पर खेला है। विश्व टेस्ट चैंपियनशिप 2023 के फाइनल तक वह ओपनिंग कर रहे थे, लेकिन उसके बाद शुभमन को नंबर तीन का स्थान दिया गया। वहीं, हनुमा ओपनिंग से लेकर नंबर सात तक बैटिंग कर चुके हैं। ऐसे में वह नंबर तीन पर एक अनुभवी बल्लेबाज की कमी को पूरा कर सकते हैं।

इससे पहले टेस्ट में भारत के नंबर तीन चेतेश्वर पुजारा थे और उन्हें भी डिफेंस में महारत हासिल थी। हनुमा को भी डिफेंस में महारत हासिल है और वह पुजारा के बेहतर रिप्लेसमेंट साबित हो सकते थे। हालांकि, शुभमन को जल्द ही फॉर्म में वापसी करनी होगी, नहीं तो उन्हें इस फॉर्मेट से टीम से हाथ धोना पड़ सकता है।

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